IND vs ENG: इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज से पहले भारत वापस आए मुख्य कोच गौतम गंभीर, जानें क्या रही खास वजह
भारत के मुख्य कोच गौतम गंभीर अचानक भारत लौट आए हैं। उन्होंने पारिवारिक आपात स्थिति को इसका कारण बताया है। बीसीसीआई के एक सूत्र ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया

Gautam Gambhir Returns To India: भारत के मुख्य कोच गौतम गंभीर अचानक भारत लौट आए हैं। उन्होंने पारिवारिक आपात स्थिति को इसका कारण बताया है। बीसीसीआई के एक सूत्र ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया। सूत्र ने बताया कि गंभीर को अपनी मां की देखभाल के लिए वापस लौटना पड़ा, जिन्हें स्वास्थ्य संबंधी जटिलताओं के कारण नई दिल्ली के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है। शुभम गिल की अगुवाई वाली भारतीय टेस्ट टीम 20 जून से लीड्स में इंग्लैंड के खिलाफ पांच मैचों की सीरीज खेलने के लिए इंग्लैंड में है।
डेसकेट फिलहाल टीम की देखरेख करेंगे
सूत्र ने कहा, “वह एक गंभीर पारिवारिक आपात स्थिति के कारण वापस (भारत) गए हैं।” गंभीर की अनुपस्थिति में, सहायक कोच रेयान टेन देशकेट शुक्रवार से भारत और भारत ए के बीच शुरू होने वाले चार दिवसीय इंट्रा-स्क्वाड मैच के दौरान टीम की देखरेख करेंगे। गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्कल और बल्लेबाजी कोच सीतांशु कोटक जैसे अन्य कोचिंग स्टाफ उनकी सहायता करेंगे। अगर उनके घर पर सब कुछ ठीक रहा, तो गंभीर के एक सप्ताह के भीतर इंग्लैंड लौटने की उम्मीद है।

तैयारियों को परखना चाहेगी भारतीय टीम
इंग्लैंड के खिलाफ पांच मैचों की टेस्ट सीरीज से पहले भारतीय टीम अपनी तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए इंट्रा-स्क्वाड मैच खेलेगी। इंडिया ए ने इंग्लैंड लायंस के खिलाफ दो अनऑफिशियल टेस्ट मैच खेले थे और बल्लेबाजों ने अपना दम दिखाया था। किसी भी सीरीज से पहले इस तरह के मैच टीम की तैयारी के लिए अहम होते हैं। भारतीयों ने खाली स्टेडियम में मैच खेलने का विकल्प चुना है, ताकि विरोधी उनकी रणनीति की भनक न लगा सकें।
कुलदीप-जडेजा पर रहेगी नजर
इस मैच में कुलदीप यादव और रवींद्र जडेजा के प्रदर्शन पर नजर रहेगी और इन दोनों के बीच भारतीय टेस्ट टीम की अंतिम एकादश में जगह बनाने के लिए दिलचस्प मुकाबला होने की संभावना है। भारत के गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्कल ने बुधवार को कहा था कि यह मैच भारत की तैयारियों के लिहाज से बेहद अहम है, क्योंकि सामान्य अभ्यास सत्रों से एक दिन में 90 ओवर गेंदबाजी और क्षेत्ररक्षण करने की क्षमता विकसित करना मुश्किल है। चार दिवसीय इस मैच को आधिकारिक तौर पर प्रथम श्रेणी का दर्जा नहीं मिला है। इसमें अगर कोई बल्लेबाज सस्ते में आउट हो जाता है तो उसे दूसरा मौका मिलता है। यह मैच भारतीय टीम प्रबंधन को मैच की परिस्थितियों में अपने खिलाड़ियों, खासकर गेंदबाजों का आकलन करने का अच्छा मौका देगा।
स्पिनर के लिए मंथन करना होगा
इससे यह सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी कि गेंदबाज, चाहे वह स्पिनर हो या तेज गेंदबाज, वास्तविक मैच में अपेक्षित लय में हो। हेडिंग्ले के लिए एकमात्र विशेषज्ञ स्पिनर चुनने के लिए सीरियस को काफी माथापच्ची करनी होगी। जडेजा का विदेशी बल्लेबाजी रिकॉर्ड अच्छा रहा है, लेकिन अगर भारत को 20 विकेट लेने हैं, तो कुलदीप की भूमिका अहम होगी। यहां की परिस्थितियों में कुलदीप तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह के अच्छे सहयोगी साबित हो सकते हैं। जडेजा बनाम कुलदीप अंतिम एकादश के लिए सबसे बड़ी पहेली है, जिसे टीम प्रबंधन को सुलझाना है।
तेज गेंदबाजों पर भी रहेगी नजर
इसी तरह, यह मैच टीम प्रबंधन और कप्तान शुभमन गिल को यह देखने का मौका देगा कि इन परिस्थितियों में आकाशदीप की फुल लेंथ या प्रसिद्ध कृष्णा की बैक ऑफ द लेंथ में से कौन बेहतर काम करती है। छह महीने बाद, लाल गेंद से खेलने वाले बुमराह को कई स्पैल में गेंदबाजी करने और अपनी फिटनेस को परखने का मौका मिलेगा। पीठ के निचले हिस्से की चोट से वापसी के बाद से उन्होंने केवल आईपीएल ही खेला है।












